होम / दुर्ग-भिलाई / जैन संस्कार शिविर में 135 बच्चे ग्रहण कर रहे धर्म एवं संस्कारों की शिक्षा
दुर्ग-भिलाई
-पुनित मुनि जी महाराज के प्रेरक मार्गदर्शन में बच्चों को दिया जा रहा धार्मिक ज्ञान और नैतिक मूल्यों का प्रशिक्षण
दुर्ग। वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रमण संघ, दुर्ग के बैनर तले 18 अक्टूबर से जय आनंद मधुकर रतन भवन, बांधा तालाब, दुर्ग में जैन संस्कार शिविर का आयोजन किया जा रहा है। मानव मिलन संस्थापक, नेपाल केसरी, राष्ट्र संत डॉ. मणिभद्र मुनि जी महाराज के पावन सानिध्य तथा पूज्य पुनित मुनि जी महाराज के प्रेरक मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर में लगभग 135 बच्चे जैन धर्म, धार्मिक संस्कारों एवं नैतिक शिक्षा का अध्ययन कर रहे हैं।
शिविर का मुख्य उद्देश्य बच्चों में बचपन से ही धर्म के प्रति आस्था, संस्कारों के प्रति सम्मान तथा जीवन में सदाचार, अनुशासन, विनम्रता, अहिंसा और करुणा जैसे गुणों का विकास करना है। वर्तमान समय में बच्चों को आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ अपनी धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए शिविर में बच्चों को जैन धर्म के मूल सिद्धांतों, धार्मिक परंपराओं और जीवन को श्रेष्ठ बनाने वाले संस्कारों से परिचित कराया जा रहा है।
-पुनित मुनि जी महाराज निभा रहे हैं महत्वपूर्ण भूमिका
शिविर में पूज्य पुनित मुनि जी महाराज बच्चों को धार्मिक संस्कार प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उनके प्रेरणादायी मार्गदर्शन में बच्चे धर्म की मूल भावना को समझने के साथ-साथ उसे अपने दैनिक जीवन में अपनाने की प्रेरणा प्राप्त कर रहे हैं। सरल एवं सहज तरीके से दी जा रही धार्मिक शिक्षा बच्चों के मन में अच्छे विचारों, नैतिक मूल्यों और आध्यात्मिक चेतना के बीज रोपित कर रही है।
जय आनंद मधुकर रतन पाठशाला की प्राध्यापिका श्रीमती कविता रतनबोहरा, अरुण रतन बोहरा इंदिरा बोहरा भूमिका संचेती, चंचल श्रीश्रीमाल, चंदा रूणवाल, मंजु सुराणा, मोनिका चोपड़ा ,पायल पारख , रेणुका गोलक्षा संगीता बाघमार रिंकी बेगानी रचिता श्रीश्रीमाल का संस्कार शिविर के संयोजन में उत्कृष्ट योगदान रहा।
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