रिसाली। 16 वर्ष पुराने भिलाई इस्पात संयंत्र द्वारा बनाए आवासों के नियमितीकरण के मामले में नगर पालिक निगम रिसाली और भिलाई निगम मिलकर नोटिस व अन्य कानूनी कार्यवाही पूर्ण करेंगे। इसके लिए रिसाली निगम लिखित में नगर पालिक निगम भिलाई को सहमति देगा। बुधवार को महापौर शशि सिन्हा की अध्यक्षता में हुई परिषद की बैठक में यह निर्णय लिया गया।
उल्लेखनीय है कि भिलाई इस्पात संयंत्र विभिन्न क्षेत्र में आवासीय एवं व्यसायिक निर्माण किया है। इसके लिए किसी भी प्रकार की अनुमति संयंत्र ने नहीं ली थी। वर्तमान मे रिसाली निगम भिलाई से अलग हो चुका है। रिसाली निगम क्षेत्र में भी टाऊनशिप का क्षेत्र शामिल है। यही वजह है कि नियमितीकरण के लंबित मामले को पूर्ण कर प्रकरण को सेटलमेंट करने रिसाली भिलाई निगम का सहयोग करने का निर्णय लिया है। संपूर्ण कार्यवाही का नेतृत्व नगर पालिक निगम भिलाई करेगा। इसके लिए नगर पालिक निगम रिसाली के महापौर परिषद ने यह निर्णय लिया है। महापौर परिषद की बैठक में एमआईसी सदस्य जहीर अब्बास, अनिल देशमुख, सनीर साहू, रोहित धनकर, रंजिता बेनुआ समेत आयुक्त मोनिका वर्मा कार्यपालन अभियंता सुनिल दुबे समेत अन्य विभाग प्रमुख मौजूद थे।
-सफाई ठेका के लिए अनुमति लेगा निगम
वर्तमान में शहर की सफाई व्यवस्था के लिए चार हिस्सों में विभक्त कर एजेंसी को कार्य आदेश जारी किया गया है। महापौर परिषद ने निर्णय लिया है कि आने वाले वर्ष में एक कार्य आदेश जारी करने के पूर्व अनुमति प्रस्ताव शासन को भेजा जाए। वहीं व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए परिषद के सद्स्यों ने पूर्व में हुए एजेंसी के कार्य आदेश में समय सीमा को बढ़ाने का निर्णय लिया है।
-एनएसपीसीएल को भेजेगा प्रस्ताव
महापौर परिषद ने निर्णय लिया है कि पुरैना में विभिन्न विकास कार्य को एनएसपीसीएल के सीएसआर मद से कराने प्रस्ताव भेजा जाए। खास बात यह है कि इसके लिए पूर्व में विधायक ने भी एनएसपीसीएल के लिए पत्र लिखा है। बुधवार को हुई बैठक में परिषद ने निर्णय लिया कि क्षेत्रीय पार्षद भी इस कार्य के लिए एनएसपीसीएल को पत्र पृथक से लिखे।
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