दुर्ग-भिलाई

फर्जी एनओसी और हस्ताक्षर से दुकान बेचकर 28 लाख रुपये की धोखाधड़ी, आरोपी गिरफ्तार

206241020260641001002086865.jpg

-चौहान प्लाजा की दुकान क्रमांक 110 और 111 के विक्रय में फर्जी दस्तावेजों के इस्तेमाल का आरोप, सुपेला पुलिस ने न्यायिक रिमांड पर भेजा
भिलाई।
चौहान प्लाजा स्थित दो दुकानों के विक्रय में कथित रूप से फर्जी अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) और कूटरचित हस्ताक्षर का इस्तेमाल कर 28 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने के मामले में सुपेला पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर अपने भाई के नाम से फर्जी लेटरपैड तैयार कर दस्तावेजों में कूटरचना करने और दुकानों का विक्रय कर प्रार्थी से रकम प्राप्त करने का आरोप है। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार करने के बाद न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
- भाई के नाम से बनाया फर्जी लेटरपैड
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रार्थी साजिद खान ने थाना सुपेला में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि संजय चौहान (47 वर्ष), निवासी शास्त्री नगर, भिलाई, ने अपने भाई अजय चौहान के नाम से कथित रूप से फर्जी लेटरपैड तैयार किया और अनापत्ति प्रमाण पत्र पर उनके कूटरचित हस्ताक्षर किए। इसके आधार पर चौहान प्लाजा स्थित दुकान क्रमांक 110 एवं 111 का विक्रय कर प्रार्थी से कुल 28 लाख रुपये प्राप्त किए गए।
-दुकानों की खरीद-बिक्री पर रोक का मामला भी आया सामने
शिकायत आवेदन और उपलब्ध दस्तावेजों की जांच के दौरान पुलिस के सामने यह तथ्य आया कि संबंधित दुकानों के क्रय-विक्रय पर 8 मार्च 2001 को बिलासपुर उच्च न्यायालय द्वारा रोक लगाए जाने का उल्लेख अभिलेखों में था। दुकानों के विक्रय के लिए अजय चौहान का अनापत्ति प्रमाण पत्र आवश्यक होने संबंधी दस्तावेजों की भी जांच की गई।
जांच में प्रथम दृष्टया सामने आया कि आरोपी ने कथित फर्जी दस्तावेजों और कूटरचित हस्ताक्षर के आधार पर 23 अक्टूबर 2019 को दोनों दुकानों का विक्रय किया। इसके एवज में प्रार्थी से अलग-अलग किश्तों में नगद और बैंक माध्यम से कुल 28 लाख रुपये प्राप्त किए गए।
- अपराध दर्ज कर आरोपी को भेजा गया जेल
मामले में प्रथम दृष्टया धोखाधड़ी और दस्तावेजों की कूटरचना का अपराध पाए जाने पर थाना सुपेला में अपराध क्रमांक 1601/2026 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 420 एवं 468 में प्रकरण दर्ज किया गया। पुलिस ने आरोपी संजय चौहान को गिरफ्तार कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई पूरी की और न्यायिक रिमांड पर भेज दिया।
- पुलिस टीम की रही महत्वपूर्ण भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी सुपेला एस.एन. सिंह, उप निरीक्षक धनेश्वर साहू, प्रधान आरक्षक उपेन्द्र सिंह तथा आरक्षक धर्मेन्द्र सूर्यवंशी एवं अजित यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
-संपत्ति खरीदने से पहले दस्तावेजों की जांच की अपील
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संपत्ति की खरीद-बिक्री से पहले उसके स्वामित्व संबंधी दस्तावेजों, अनापत्ति प्रमाण पत्र और न्यायालयीन प्रतिबंधों की विधिवत जांच अवश्य कराएं। फर्जी दस्तावेजों या आर्थिक धोखाधड़ी की जानकारी मिलने पर तत्काल पुलिस को सूचित करें।

एक टिप्पणी छोड़ें

Data has beed successfully submit

Related News

Advertisement

Popular Post

This Week
This Month
All Time

स्वामी

संपादक- पवन देवांगन 

पता - बी- 8 प्रेस कॉम्लेक्स इन्दिरा मार्केट
दुर्ग ( छत्तीसगढ़)

ई - मेल :  dakshinapath@gmail.com

मो.- 9425242182, 7746042182

हमारे बारे में

हिंदी प्रिंट मीडिया के साथ शुरू हुआ दक्षिणापथ समाचार पत्र का सफर आप सुधि पाठकों की मांग पर वेब पोर्टल तक पहुंच गया है। प्रेम व भरोसे का यह सफर इसी तरह नया मुकाम गढ़ता रहे, इसी उम्मीद में दक्षिणापथ सदा आपके संग है।

सम्पूर्ण न्यायिक प्रकरणों के लिये न्यायालयीन क्षेत्र दुर्ग होगा।

logo.webp

स्वामी / संपादक- पवन देवांगन

- बी- 8 प्रेस कॉम्लेक्स इन्दिरा मार्केट
दुर्ग ( छत्तीसगढ़)

ई - मेल : dakshinapath@gmail.com

मो.- 9425242182, 7746042182

NEWS LETTER
Social Media

Copyright 2024-25 Dakshinapath - All Rights Reserved

Powered By Global Infotech.