अपराध

पुलिस अधीक्षक ने ली जिले के समस्त थानों की क्राइम मीटिंग, अपराध नियंत्रण व लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण के निर्देश

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दुर्ग। जिले में अपराध नियंत्रण को और अधिक सुदृढ़ करने तथा विवेचना की गुणवत्ता बढ़ाने के उद्देश्य से आज पुलिस अधीक्षक महोदय, दुर्ग द्वारा पुलिस कंट्रोल रूम, दुर्ग में जिले के समस्त थाना प्रभारियों एवं राजपत्रित अधिकारियों की अपराध समीक्षा बैठक (क्राइम मीटिंग) आयोजित की गई। बैठक में जिले की कानून-व्यवस्था, लंबित अपराधों, विवेचना की प्रगति, प्रतिबंधात्मक कार्यवाही एवं प्रशासनिक अनुशासन से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर विस्तृत चर्चा की गई।
पुलिस अधीक्षक महोदय ने बैठक के दौरान निर्देशित किया कि गंभीर एवं संवेदनशील अपराधों में त्वरित, निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण विवेचना सुनिश्चित की जाए। विवेचना के दौरान साक्ष्य संकलन, गवाहों के कथन, तकनीकी साक्ष्य एवं वैधानिक प्रावधानों का पूर्णतः पालन किया जाए।
उन्होंने आदतन अपराधियों, निगरानी बदमाशों एवं फरार वारंटियों के विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्यवाही करने के निर्देश दिए। साथ ही अवैध हथियारों, मादक पदार्थों, जुआ-सट्टा एवं नशा तस्करी जैसी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने पर विशेष जोर दिया गया। लंबित अपराधों, चालान एवं न्यायालयीन प्रकरणों के शीघ्र निराकरण के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में दिए गए प्रमुख निर्देश इस प्रकार हैं—
समस्त थाना प्रभारी प्रतिदिन प्रातः अथवा सायंकालीन समय में अनिवार्य रूप से थाना गणना उपस्थिति सुनिश्चित करेंगे। स्थानीय स्तर पर प्राप्त जन-शिकायतों का त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण किया जाए।
गंभीर एवं संवेदनशील अपराधों की सूचना समय पर संबंधित राजपत्रित अधिकारियों को अनिवार्य रूप से दी जाए।
गंभीर प्रकृति के मामलों में थाना प्रभारी स्वयं प्रथम सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) दर्ज करना सुनिश्चित करेंगे। समस्त आरक्षक A एवं B नोटबुक का नियमित संधारण करेंगे, जिसका साप्ताहिक निरीक्षण थाना प्रभारी द्वारा किया जाएगा। थाना प्रभारी द्वारा थाना मुख्यालय में ही रात्रि मुकाम सुनिश्चित किया जाए।
अवैध नशा, मादक पदार्थों एवं नशा तस्करी के विरुद्ध सतत एवं प्रभावी कार्यवाही की जाए।
वर्तमान विधानसभा सत्र को दृष्टिगत रखते हुए बीट व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाए एवं बीट प्रभारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए जाएं। पुलिस कार्यालय से प्राप्त पत्राचार का समय-सीमा में अवलोकन कर आवश्यक जवाब प्रस्तुत किया जाए।नेफिस (NAFIS) प्रणाली का बीट सिस्टम के माध्यम से शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए।
गांजा एवं अन्य मादक पदार्थों के विरुद्ध NDPS एवं आबकारी अधिनियम के तहत निरंतर कार्यवाही कर जब्त सामग्री का विधिवत नष्टीकरण कराया जाए। धारा 41(1-4) के अंतर्गत जप्त वाहनों एवं धारा 34(2) आबकारी के अंतर्गत जप्त शराब के नष्टीकरण की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण की जाए।
ई-चालान, ई-समन एवं ई-ऑफिस प्रणाली का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।
लंबित प्रतिबंधात्मक कार्यवाहियों एवं मर्ग प्रकरणों का शीघ्र एवं विधिसम्मत निराकरण किया जाए।
रात्रिकालीन गश्त ड्यूटी के प्वाइंट बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
थाने में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति से सम्मानपूर्वक एवं संवेदनशील व्यवहार किया जाए।
बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक महोदय ने समस्त थाना प्रभारियों को निर्देशित किया कि उपरोक्त आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित राजपत्रित अधिकारियों को अनुशासनात्मक कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए गए।

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