होम / बड़ी ख़बरें / विधायक ललित चंद्राकर ने "तारे जमीन पर" मूक-बधिर आवासीय विद्यालय के बच्चों को वितरित की पुस्तकें एवं बैग
बड़ी ख़बरें
-"शिक्षा और सहयोग के छोटे प्रयास ही बच्चों के सपनों को देते हैं नई उड़ान" - विधायक ललित चंद्राकर

दुर्ग। दुर्ग ग्रामीण विधायक एवं राज्य ग्रामीण एवं अन्य पिछड़ा वर्ग क्षेत्र विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ललित चंद्राकर धनोरा स्थित "तारे जमीन पर" मूक-बधिर बच्चों के आवासीय विद्यालय, हरिशीकेश एजुकेशन सोसायटी पहुंचे।
इस अवसर पर विद्यालय में कक्षा पहली से पांचवीं तक अध्ययनरत 32 मूक-बधिर बच्चों को पुस्तकें एवं बैग वितरित कर विधायक श्री चंद्राकर ने उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं।
बच्चों से आत्मीय संवाद करते हुए विधायक श्री चंद्राकर ने कहा कि "बच्चों के चेहरों पर खुशी और उत्साह देखकर मन को बेहद प्रसन्नता हुई। शिक्षा और सहयोग के छोटे-छोटे प्रयास ही बच्चों के सपनों को नई उड़ान देने का माध्यम बनते हैं। ये बच्चे विशेष हैं और इनकी प्रतिभा को निखारने के लिए समाज और सरकार दोनों को मिलकर प्रयास करना होगा। राज्य की विष्णुदेव साय सरकार शिक्षा के क्षेत्र में हर वर्ग के बच्चों को समान अवसर देने के लिए प्रतिबद्ध है।"
उन्होंने विद्यालय प्रबंधन की सराहना करते हुए कहा कि हरिशीकेश एजुकेशन सोसायटी द्वारा मूक-बधिर बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा एवं आवासीय सुविधा देकर समाज सेवा का अनुकरणीय कार्य किया जा रहा है। ऐसे प्रयास ही समाज को संवेदनशील और समावेशी बनाते हैं। विधायक जी ने आश्वस्त किया कि विद्यालय के विकास एवं बच्चों की सुविधाओं के लिए हर संभव सहयोग राज्य सरकार एवं उनके द्वारा किया जाएगा।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से संस्था की डायरेक्टर श्रीमती गीता विश्वास, प्राचार्य श्रीमती देवोप्रिया घोष, श्रीमती लातेश्वरी ठाकुर, श्रीमती प्रीति साहू, श्रीमती गुंजा राव, श्रीमती गायत्री साहू, श्रीमती भद्राशीला पजारे, श्रीमती डॉली देवांगन, श्रीमती कुसुमलता सहित समस्त शिक्षकगण एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
संपादक- पवन देवांगन
पता - बी- 8 प्रेस कॉम्लेक्स इन्दिरा मार्केट
दुर्ग ( छत्तीसगढ़)
ई - मेल : dakshinapath@gmail.com
मो.- 9425242182, 7746042182
हिंदी प्रिंट मीडिया के साथ शुरू हुआ दक्षिणापथ समाचार पत्र का सफर आप सुधि पाठकों की मांग पर वेब पोर्टल तक पहुंच गया है। प्रेम व भरोसे का यह सफर इसी तरह नया मुकाम गढ़ता रहे, इसी उम्मीद में दक्षिणापथ सदा आपके संग है।
सम्पूर्ण न्यायिक प्रकरणों के लिये न्यायालयीन क्षेत्र दुर्ग होगा।
Copyright 2024-25 Dakshinapath - All Rights Reserved
Powered By Global Infotech.