विधायक शैलेष पांडेय ने लॉकडाउन 30 अप्रेल तक बढ़ाने का किया अनुरोध

विधायक शैलेष पांडेय ने  लॉकडाउन 30 अप्रेल तक बढ़ाने का किया अनुरोध

Ro No. 12027-89

Ro No. 12027-89

Ro No. 12027-89

दक्षिणापथ, दुर्ग । शहर में अमृत मिशन योजना 2017 में प्रारंभ की गई थी 3 माह के ट्रायल रन सहित कुल 30 माह का समय दिया गया था किंतु 42 माह और 103 करोड़ का भुगतान हो जाने के बाद भी कार्य मे लापरवाही व पीडीएमसी द्वारा मॉनिटरिंग की कमी के कारण वार्डों की जनता को पानी की किल्लत का सामना करना पड़ रहा है जो कि न्यायोचित नहीं है। कुछ वार्डों में ग्रीष्म काल शुरू होते ही जनता पेयजल हेतु भारी परेशानी से जूझ रही है व दूर दराज से पानी लाने मजबूर हो रही है। लगातार कई वार्डों से मिल रही शिकायतों के बाद विधायक अरुण वोरा ने पेयजल हालातों की समीक्षा करने महापौर धीरज बाकलीवाल के साथ अमृत मिशन अधिकारियों, ठेका एजेंसी व मॉनिटरिंग के लिए नियुक्त पीडीएमसी से बैठक कर अधिकारियों से दो टूक शब्दों में जवाब तलब करते हुए जल्द से जल्द कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। श्री वोरा ने कहा कि समय सीमा पूरी हो जाने के बाद भी आखिर क्यों कार्य अपूर्ण है शहर के 49500 घरों में से आधे को भी नया कनेक्शन नहीं मिल सका है व कनेक्शन हो जाने पर भी शुद्ध पेयजल की आपूर्ति समय पर नहीं हो पा रही है, जबकि लॉक डाउन के दौरान भी हर बार मिशन के कार्यों को विशेष अनुमति दिलाई जाती रही है व जिला कलेक्टर द्वारा पूर्व में मीटिंग लेकर भी मार्च माह तक कार्य पूर्ण करने अल्टीमेटम दिया गया था। जनता को शुद्ध पेयजल सुनिश्चित करने की जवाबदेही तय करना आवश्यक है पटरी पार के वार्डों में तत्काल जल आपूर्ति सुनिश्चित किया जाए। पेयजल हेतु अब प्रत्येक 7 दिवस में समीक्षा की जाएगी। अधिकारियों ने बताया कि लगभग 421 किमी पाइप लाइन बिछाने का कार्य पूर्ण हो चुका है व 30 हजार नल कनेक्शन दिए जा चुके हैं साथ ही 4 ओवरहेड टंकियों का निर्माण पूर्ण हो चुका है जिनकी कुल क्षमता 5600 किलो लीटर है। जिसे प्रारंभ करने के लिए शट डाउन की आवश्यकता है । महापौर धीरज बाकलीवाल ने नई टंकियों से पानी सप्लाई शुरू करने शट डाउन व जल अवरोध के बिना कोई वैकल्पिक तरीका अपनाया जाए। इस दौरान पूर्व पार्षद राजेश शर्मा, निर्मला साहू, उषा ठाकुर, शंकर ठाकुर, एल्डरमैन अंशुल पांडेय, निगम के कार्यपालन अभियंता राजेश पांडेय, मोहनपुरी गोस्वामी, राजेन्द्र धबाले, ए आर राहंगडाले, भीम राव, नारायण ठाकुर व ठेका एजेंसी व पीडीएमसी के अधिकारी मौजूद थे।